
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम में पहली चुनावी रैली को संबोधित करते हुए विकास कार्यों को गिनाया और कांग्रेस पर तीखा हमला बोला। उन्होंने भाजपा-एनडीए की जीत का भरोसा जताया और असम को बाढ़ मुक्त, तकनीकी हब और विकसित राज्य बनाने का वादा किया।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बुधवार यानी आज असम के दौरे पर हैं। उन्होंने धेमाजी जिले के गोगामुख में सुबह 11 बजे अपनी पहली चुनावी जनसभा को संबोधित किया। यहां उन्होंने भाजपा उम्मीदवार रनोज पेगू और नबा कुमार डोले के पक्ष में जनता से वोट मांगे। अब प्रधानमंत्री विश्वनाथ जिले के लिए रवाना होंगे, जहां दोपहर 1 बजे उनकी दूसरी बड़ी जनसभा होनी है। प्रधानमंत्री बेहाली में भाजपा उम्मीदवार पल्लव लोचन दास के समर्थन में प्रचार करेंगे। इन कार्यक्रमों में भाजपा के कई बड़े नेता और राज्य सरकार के मंत्री भी मौजूद हैं। रैलियों को देखते हुए सुरक्षा के बहुत कड़े इंतजाम किए गए हैं। अपनी चुनावी रैली से पहले पीएम डिब्रूगढ़ पहुंचे और चाय के बागान में काम करने वाली महिलाओं से बातचीत की। इसका अनुभव साझा करते हुए पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ‘चाय असम की आत्मा है! यहां की चाय पूरी दुनिया में मशहूर है। आज सुबह डिब्रूगढ़ में, मैं एक चाय बागान में गई और वहां काम करने वाली महिलाओं से बातचीत की। यह एक बेहद यादगार अनुभव था।’इसके बाद पीएम अपनी पहली रैली को संबोधित करने के पहुंचे। यहां उन्होंने कहा, असम के चुनाव की घोषणा के बाद ये मेरी पहली जनसभा है। लोगों की यह भारी भीड़ तीसरी बार जीत का पक्का सबूत है। प्रधानमंत्री ने बताया कि जनता के आशीर्वाद से उन्होंने प्रधानमंत्री बनने की हैट्रिक पूरी की है। अब असम में भी भाजपा-एनडीए की जीत की हैट्रिक लगेगी। प्रधानमंत्री ने कहा कि यह चुनाव विकसित असम और विकसित भारत बनाने के लिए है। उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी तीसरी हार तय है। कांग्रेस के ‘राजकुमार’ हार का शतक लगाएंगे। उन्होंने सर्वानंद सोनोवाल और हिमंत विश्व शर्मा के नेतृत्व में हुए 10 साल के विकास कार्यों की भी तारीफ की।विकास कार्यों का जिक्र करते हुए उन्होंने बताया कि अब तक 22 लाख परिवारों को पक्के घर मिले हैं। भाजपा के संकल्प पत्र के अनुसार, जिन परिवारों को अब तक घर नहीं मिले, उन्हें भी पक्के मकान दिए जाएंगे। आने वाले समय में 15 लाख और परिवारों को घर देने की गारंटी है। गरीब बच्चों को बालवाड़ी से लेकर पोस्ट ग्रेजुएशन (स्नातकोत्तर) तक मुफ्त शिक्षा मिलेगी।




