टॉप न्यूज़दुनियादेशराजनीति

बढ़ते वैश्विक तनाव के बीच रक्षा तैयारियों की समीक्षा,

बढ़ते वैश्विक तनाव के बीच रक्षा तैयारियों की समीक्षा, राजनाथ सिंह की अगुवाई में हुई बैठक

वैश्विक और क्षेत्रीय सुरक्षा हालात के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उच्चस्तरीय बैठक कर भारत की रक्षा तैयारियों की समीक्षा की, जिसमें CDS और तीनों सेनाओं के प्रमुख शामिल हुए। आइए विस्तार से जानते हैं।
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और बदलते वैश्विक सुरक्षा हालात के बीच रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने मंगलवार को उच्चस्तरीय बैठक कर देश की रक्षा तैयारियों की समीक्षा की। वहीं पिछले दिनों 22 मार्च को ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में सीसीएस बैठक हुई थी, जिसमें ऊर्जा और उर्वरक सप्लाई की समीक्षा की गई थी। इस बैठक में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान, एयर चीफ मार्शल अमर प्रीत सिंह, थल सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश के त्रिपाठी और डीआरडीओ के चेयरमैन समीर कामत समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान मौजूदा सुरक्षा स्थिति और ऑपरेशनल तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष अब चौथे सप्ताह में पहुंच चुका है। इससे होर्मुज स्ट्रेट के जरिए होने वाले व्यापार पर असर पड़ा है। 28 फरवरी को अमेरिका और इस्राइल के संयुक्त हमलों में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद तनाव और बढ़ गया। इसके जवाब में ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी और इजरायली ठिकानों को निशाना बनाया, जिससे अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा बाजार और वैश्विक आर्थिक स्थिरता पर दबाव बढ़ा है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को लोकसभा में पश्चिम एशिया की स्थिति को चिंताजनक बताया और इसके भारत पर संभावित प्रभावों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि यह संघर्ष न केवल आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा, बल्कि मानवीय स्तर पर भी बड़ी चुनौती बन गया है। प्रधानमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि भारत की कच्चे तेल और गैस की बड़ी जरूरतें इसी क्षेत्र से पूरी होती हैं, वहीं यह इलाका वैश्विक व्यापार के लिहाज से भी बेहद अहम है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!