तहसील समाधान दिवस पर ग्राम प्रधानों और एडीएम के बीच नोकझोंक

✍️आर.एस.तिवारी
लखनऊ के मोहनलालगंज में अपनी मांगों को लेकर तहसील समाधान दिवस पर पहुंचे ग्राम प्रधानों और एडीएम वित्त एवं राजस्व के बीच नोकझोंक हो गई। नाराज ग्राम प्रधानों ने नारेबाजी करते हुए वहीं पर धरने पर बैठ गए। तहसील दिवस ग्राम प्रधानों के हंगामें की भेट चढ़ गया। फरियादी मायूस होकर लौट गए। करीब 1.30 घंटे तक तहसील समाधान दिवस ठप रहा। प्राथमिक विद्यालयों की पेयरिंग व समायोजन रोके जाने की मांग को लेकर शनिवार को तहसील समाधान दिवस में ब्लाक मोहनलालगंज के ग्राम प्रधान, ग्राम प्रधान संघ के ब्लाक अध्यक्ष देवेन्द्र सिंह की अगुवाई में मांग पत्र लेकर पहुंचे। संघ अध्यक्ष ने एडीएम राकेश सिंह को मांग पत्र सौंपा। इस पर एडीएम ने मांग पत्र वापस करते हुए थोड़ी देर बाद आने की बात कही। इशारे से ग्राम प्रधानों को हटने को कहा। एडीएम के इस व्यवहार पर प्रधानों ने आपत्ति जताई। इस पर दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। प्रधान नारेबाजी करते हुए धरने पर बैठ गए। हंगामे के कारण तहसील दिवस ठप हो गया। इससे फरियादियों को मायूस होकर वापस लौटना पड़ा। धरने पर बैठे प्रधानों को एसडीएम अंकित शुक्ला, एसीपी रजनीश वर्मा ने शांत कराने की कोशिश की। लेकिन, प्रधान नहीं मानें। करीब 1.30 घंटे तक चले हंगामे के बाद एडीएम धरने पर बैठे ग्राम प्रधानों के बीच आए। तहसील समाधान दिवस समाप्त होने के बाद वार्ता कर मामले को सुलझाने की बात कहकर शांत कराया। तहसील समाधान दिवस में फरियाद लेकर निगोहा इलाके से आई 75 वर्षीय बुजुर्ग निर्मला सिंह ने अपनी फरियाद सुनाते हुए भावुक हो गई। इससे बुजुर्ग की आवाज तेज हो गई। इस पर एडीएम ने बुजुर्ग को चले जाने को कहा। मौके की नजाकत को देखते हुए तहसीलदार ने बुजुर्ग को समझाया। उसे कुर्सी पर बैठाकर शिकायत सुनी और कार्रवाई का आश्वासन दिया।


