शिक्षामित्रों का 16वें दिन पोस्टकार्ड प्रदर्शन,43 डिग्री तापमान में ईको गार्डन में धरना

लखनऊ राजधानी लखनऊ इको गार्डन में शिक्षामित्रों का 16 दिनों से विरोध प्रदर्शन जारी है। 16वें दिन शिक्षा मित्रों ने पोस्टकार्ड प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारी शिक्षामित्रों ने अपनी समस्याओं पोस्टकार्ड के माध्यम से सीएम योगी को भेजा। प्रदेशभर से इकट्ठा हुए शिक्षामित्रों ने जमकर नारेबाजी की। श्भीख नहीं सम्मान चाहिए-पूरा वेतन मान चाहिए लगा रहे थे नारा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि ये बेहद अफसोसजनक है कि 16 दिनों लगातार आंदोलन कर रहे हैं। यूपी के 75 जनपदों से टीईटी/सीटीईटी पास शिक्षामित्र अपनी स्थायी नौकरी की मांग को लेकर 40 डिग्री से अधिक तापमान में प्रदर्शन करने पर मजबूर हैं। भीषण गर्मी में मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है। यहां हम लोग इको गार्डन के तपते पत्थर पर बैठे हैं। यूपी में करीब 50,000 शिक्षामित्र हैं जो टीईटी/सीटीईटी पास हैं और राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद के मानकों के अनुसार पूरी तरह योग्य हैं। फिर भी लंबे समय से पक्की नौकरी का इंतजार कर रहे हैं। इन शिक्षामित्रों का कहना है कि उन्होंने 25 साल तक शिक्षा के क्षेत्र में मेहनत की, लेकिन उन्हें स्थायी नौकरी और सम्मानजनक पहचान नहीं मिली। सीतापुर से प्रदर्शन में आए गुड्डू सिंह ने कहा कि विगत कई सालों से हम लोग दर-दर की ठोकर खा रहे हैं मगर सुनवाई नहीं हो रही है। लखनऊ में 16 दिनों से लगातार धरना दे रहे हैं। दो वक्त की रोटी की मांग को लेकर हम लोग संघर्ष कर रहे हैं। प्रदेश भर के शिक्षा मित्र सीएम योगी को पोस्टकार्ड भेज कर अपनी बात रख रहे हैं। शिक्षक बनने के जो मानक है उसे पूरा करते हैं मगर हमारी कोई मांग पूरी नहीं हो रही है। 2017 में भारतीय जनता पार्टी ने अपने संकल्प पत्र में भी हमें न्याय देने की बात कही थी। गुडडू ने कहा कि हम लोगों को मात्र 10 हजार वेतन मिल रहा है वह भी 11 महीने का। जून महीने का वेतन नहीं मिलता। 10 हजार रुपए में परिवार का पेट पालना बेहद मुश्किल हो गया है। बच्चों की स्कूल की फीस जमा करना मुश्किल हो गया है। बुजुर्ग माता-पिता का इलाज नहीं करवा पा रहे हैं। जीवन बेहद संघर्षों से गुजर रहा है। आज समर कैंप में भी हम लोग स्कूलों में सेवाएं दे रहे हैं।



